ब्राह्मण समाज को परंपराओं एवं संस्कृति को बचाने के लिए आगे आना होनाः स्वामी प्रखर जी महाराज


होशियारपुर : गायत्री शक्तिपीठ, मणिवेदिका पीठ, पुष्कर, राजस्थान से स्वामी श्री प्रखर जी महाराज ने श्री ब्राह्मण सभा के एकता नगर स्थित भगवान परशुराम भवन पहुंचकर पुष्कर आश्रम में करवाए जा रहे गायत्री महायज्ञ की जानकारी दी और सभी ब्राह्मण विद्वानों से रोजाना गायत्री करने का आह्वान किया।
उन्होंने गायत्री ब्राह्मणों की देवी हैं और इस सृष्टि की पालक हैं। उन्होंने कहा कि यह हमारी रक्षा करती है तथा इसके जाप से आत्मा और परमात्मा के मिलन से जो तेज प्राप्त होता है वह विश्व में कीर्ति और यश को बढ़ाता है। भवन पहुंचने पर सभा के प्रधान मधुसूदन कालिया की अगुवाई में ब्राह्मण समाज ने उनका स्वागत किया और उन्हें नमन करके आशीर्वाद प्राप्त किया।

इस मौके पर सावामी जी ने बताया कि पुष्कर में 8 मार्च से 19 अप्रैल 2026 तक 1700 विद्वान ब्राह्माणों द्वारा 43 दिनों में 200 कुण्डीय विराट शत (100) गायत्री पुरश्चरण महायज्ञ करवाया जा रहा है, जिसमें सम्मलित होकर पुण्य की भागी बनें। इस दौरान गायत्री करने की विधि संबंधी सामग्री भी उपस्थिति को वितरित की और कहा कि हमें धर्म का अनुसरन करना चाहिए तथा आज ब्राह्मण समाज को पुनः अपनी परंपराओं और संस्कृति को बचाने के लिए आगे आना होगा।
इस दौरान सभा की तरफ से स्वामी जी का सम्मान किया गया।




