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तरसेम महाजन हाइट्स एकेडमी में धूमधाम से मनाया गया अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस

होशियारपुर, 21 जून: स्थानीय प्रतिष्ठित शिक्षण संस्थान ‘तरसेम महाजन हाइट्स एकेडमी’ के प्रांगण में आज अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर एक भव्य और गरिमापूर्ण योग शिविर का आयोजन किया गया। “स्वस्थ मन, समृद्ध जीवन” के ध्येय को समर्पित इस विशेष कार्यक्रम में संस्थान के सौ से अधिक विद्यार्थियों, सम्मानित प्राध्यापकों और गैर-शिक्षण स्टाफ के सदस्यों ने पूरी ऊर्जा और उत्साह के साथ अपनी उपस्थिति दर्ज कराई। सुबह की ताजी और शुद्ध हवा के बीच कार्यक्रम का शुभारंभ सामूहिक प्रार्थना और दीप प्रज्वलन के साथ हुआ।

इस बार के योग सत्र की सबसे खास बात यह रही कि किसी बाहरी विशेषज्ञ के बजाय खुद संस्थान के मैनेजिंग डायरेक्टर, प्रो. तरसेम महाजन ने मुख्य योग प्रशिक्षक के रूप में मंच संभाला। प्रो. तरसेम महाजन ने अपनी गहरी योग साधना और ज्ञान का परिचय देते हुए बहुत ही सरल और सहज तरीके से सत्र का संचालन किया। उन्होंने मंच से स्वयं एक-एक आसन का प्रदर्शन किया, जिसे देखकर मैदान में मौजूद विद्यार्थियों और स्टाफ ने पूरी निष्ठा के साथ दोहराया।

सत्र के दौरान प्रो. तरसेम महाजन ने न केवल आसन कराए, बल्कि उनके पीछे के विज्ञान और स्वास्थ्य लाभों से भी सबको अवगत कराया। उन्होंने विद्यार्थियों की लंबाई और मानसिक एकाग्रता बढ़ाने के लिए सबसे पहले ताड़ासन और वृक्षासन का अभ्यास कराया। इसके बाद रीढ़ की हड्डी को मजबूत और लचीला बनाने के लिए भुजंगासन, शशांकासन और चक्रासन के गुर सिखाए। सत्र के मध्य में जब सभी ने सामूहिक रूप से 12 चरणों वाले ‘सूर्य नमस्कार’ का अभ्यास किया, तो पूरा परिसर सकारात्मक ऊर्जा से भर उठा।

शारीरिक आसनों के बाद उन्होंने अनुलोम-विलोम, कपालभाति और भ्रामरी प्राणायाम का अभ्यास कराते हुए बताया कि परीक्षा के तनाव को दूर करने और दिमाग को शांत रखने के लिए प्राणायाम से बेहतर कोई औषधि नहीं है। शिविर के समापन पर उपस्थित जनसमूह को संबोधित करते हुए प्रो. तरसेम महाजन ने कहा कि आज की डिजिटल और भागदौड़ भरी जिंदगी में हमारा शरीर और मन दोनों थक जाते हैं। योग हमारी प्राचीन संस्कृति की वो अनमोल धरोहर है जो हमें बिना किसी खर्च के निरोगी काया दे सकती है। उन्होंने अपील की कि एकेडमी का उद्देश्य केवल किताबी ज्ञान देना नहीं बल्कि सर्वांगीण विकास करना है, इसलिए योग को केवल एक दिन का उत्सव न बनाकर अपनी दिनचर्या का हिस्सा बनाएं।

कार्यक्रम के अंत में एकेडमी प्रबंधन की ओर से सभी के लिए एक विशेष और संतुलित पौष्टिक नाश्ते का प्रबंध किया गया था। कड़े शारीरिक अभ्यास के बाद ऊर्जा की रिकवरी के लिए नाश्ते में अंकुरित अनाज, ताजे मौसमी फल, जूस और हल्के सुपाच्य व्यंजनों को शामिल किया गया था। डाइनिंग हॉल में छात्रों, शिक्षकों और प्रबंधन के सदस्यों ने एक साथ बैठकर नाश्ते का आनंद लिया। इस सामूहिक सह-भोज ने संस्थान के भीतर भाईचारे, अनुशासन और समानता की भावना को और मजबूत किया। कार्यक्रम की समाप्ति पर सभी विद्यार्थियों के चेहरों पर एक अनोखी चमक और ताजगी देखी गई और अंत में सामूहिक राष्ट्रगान के साथ इस बेहद सफल और प्रेरणादायक कार्यक्रम का समापन हुआ।

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